राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू ने भारतीय प्रौद्योगिकी संस्थान (भारतीय खान विद्यालय) धनबाद के दीक्षांत समारोह में शिरकत की। राष्ट्रपति ने कहा कि देश के समग्र विकास में आईआईटी-आईएसएम की महत्वपूर्ण भूमिका है। इस संस्थान को उत्कृष्ट इंजीनियर और शोधकर्ता तैयार करने के साथ-साथ संवेदनशील और उद्देश्यपूर्ण पेशेवर भी तैयार करने हैं।आप अपने ज्ञान को केवल व्यक्तिगत उन्नति तक सीमित न रहने दें, बल्कि जनहित का माध्यम बनाएँ। इसका उपयोग एक मज़बूत और अधिक न्यायपूर्ण भारत के निर्माण के लिए करें — जहाँ आगे बढ़ने के अवसर सबके लिए उपलब्ध हों।तकनीकी शिक्षा की बढ़ती पहुंच और डिजिटल कौशल का प्रसार भारत को तकनीकी महाशक्ति बनने की ओर अग्रसर कर रहा है। भारत की शिक्षा प्रणाली को और अधिक व्यावहारिक, नवाचार-केंद्रित और industry-friendly बनाने से देश के युवाओं की प्रतिभा को सही दिशा मिलेगी और उन्हें वैश्विक स्तर पर आगे बढ़ने का अवसर मिलेगा।देश के सम्पूर्ण विकास में IIT-ISM की महत्वपूर्ण भूमिका है। उत्कृष्ट इंजीनियर और शोधकर्ता तैयार करने के साथ-साथ करुणामय, संवेदनशील और उद्देश्यपूर्ण professionals का निर्माण भी इस संस्थान को करना है।IIT-ISM धनबाद ने तकनीकी विकास और नवाचार में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई है। मुझे यह जानकर प्रसन्नता हुई है कि IIT Dhanbad ने ऐसा ecosystem विकसित किया है जहाँ शिक्षा और नवाचार का उद्देश्य लोगों की ज़रूरतों से और देशवासियों की आकांक्षाओं के साथ जुड़ा हुआ है।




