पोस्ट मैट्रिक छात्रवृत्ति: राज्य ने 1 लाख तक बढ़ाई छात्रवृत्ति, केंद्र सहयोग के बिना अटकी 2.14 लाख ओबीसी छात्रों की छात्रवृत्ति

0
post matric scholership

रांची: झारखंड सरकार और केंद्र सरकार के झगड़े में राज्य के 2.14 लाख ओबीसी छात्रों को अब तक पोस्ट मैट्रिक स्कॉलरशिप की राशि नहीं मिली है। शैक्षणिक सत्र 2024-25 में 2 लाख 32 हजार 47 ओबीसी छात्रों में से मात्र 17 हजार 931 को ही पोस्ट मैट्रिक छात्रवृत्ति के पैसे मिल पाए हैं। शेष छात्रों को यह राशि कब तक मिलेगी, कोई भी अधिकारी दावे के साथ कुछ नहीं बता रहा है। यह स्थिति राज्य सरकार के एक निर्णय के कारण हुई है, जिसमें उसने छात्रवृत्ति की राशि 1 लाख रुपए तक बढ़ा दी। जबकि, केंद्र का अंशदान पूर्ववत 20 हजार रुपए ही रहा। पिछले दो साल तक राज्य ने अपने फंड से इसका भुगतान तो किया, पर शैक्षणिक सत्र 2024-25 से स्थिति बेहाल हो गई है। वर्ष 2022 से 1 लाख रुपए तक की छात्रवृत्ति देने की घोषणा राज्य सरकार ने कर दी, पर केंद्र ने वह राशि 20 हजार रुपए तक ही रखी हुई है। केंद्र सरकार का कहना है कि वह इससे अधिक राशि नहीं दे सकती है। राज्य सरकार ने पिछले दो वर्षों तक ओबीसी बच्चों को अपने फंड से बढ़ी हुई राशि तो दी है, पर अब ऐसा संभव नहीं हो पा रहा है।

झारखंड पोस्ट मैट्रिक पोस्ट मैट्रिक छात्रवृत्ति योजना में 29 अगस्त 2022 को बदलाव किया गया था। कैबिनेट से पारित होने के बाद कल्याण विभाग ने नियमावली में बदलाव कर संकल्प निकाला था। इसके लाभान्वितों को चार श्रेणी में बांटा गया था। हॉस्टल में रहने वाले छात्रों को अधिकतम एक लाख और डे स्कॉलर के लिए अधिकतम 90 हजार रुपए देने की व्यवस्था की गई। हॉस्टल में रहनेवाले छात्रों के लिए न्यूनतम 35 हजार और अधिकतम एक लाख रुपए तक छात्रवृत्ति देने का प्रावधान रखा गया। इसी प्रकार डे स्कॉलर को न्यूनतम 30 हजार से लेकर अधिकतम 90 हजार रुपए तक देने का प्रावधान है। हालांकि केंद्र की ओर से न्यूनतम पांच हजार से लेकर 20 हजार रुपए तक देने का प्रावधान है। इधर, विभागीय अधिकारियों ने अनौपचारिक रूप से बताया कि इस बार भी राज्य सरकार को अपने फंड से ही स्कॉलरशिप की राशि देनी होगी।

केएन झा, सचिव, कल्याण विभाग ने कहा विभाग ने केंद्र को यूटिलाइजेशन सर्टिफिकेट भेज दिया है। हमलोग फंड आने की प्रतीक्षा कर रहे हैं। जब तक फंड आता है, तब तक इस योजना में जितने पैसे हैं, उसको देना का निर्देश दे दिया गया है। केंद्र सरकार का जो भी शेयर बनता है, वे दें दें, फिर हमलोग यहां से अपना शेयर दे देंगे।

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here