‘झारखंड’ की मजदूर की बेटी अब जाएगी हार्वर्ड जानिए पूरी कहानी।
सीमा कुमारी का हार्वर्ड यूनिवर्सिटी में 4 साल के स्नातक पाठ्यक्रम के लिए हुआ चयन हुआ जिसमें उसे सालाना 61 लाख की पूर्ण स्कॉलरशिप मिलेगी
मजदूर पिता और हंडिया बेचने वाली मां की बेटी सीमा ने अपने बूते पर यह मुकाम हासिल किया
दाहो गांव की सीमा कुमारी की कहानी, 4 साल के स्नातक कोर्स के लिए हुआ चयन
12वीं की यह छात्रा जल्द ही अमेरिका के हार्वर्ड यूनिवर्सिटी का सफर तय करने वाली हैं। वहां इसका 4 साल के स्नातक पाठ्यक्रम के लिए चयन हुआ है, जिसमें से सालाना 61 लाख की पूर्ण स्कॉलरशिप मिलेगी।
17 वर्षीय सीमा ने बताया, मैं पहले गांव के ही सरकारी स्कूल में पढ़ती थी। 2012 में एक दिन घास लेने जा रही थी। तभी गांव की कई लड़कियों को फुटबॉल खेलते देखा तो मेरा भी खेलने का मन हुआ। फिर घरवालों से अनुमति लेकर मैदान जाने लगी। वहां पता लगा कि वह सब एक एनजीओ युवा के विशेष कैंप का हिस्सा था। फिर मैं उससे जुड़ी और लगातार खेलने लगी। वहां अंग्रेजी सीखी और फिर नई बच्चियों को फुटबॉल सिखाने लगी।



