अवैध खनन मामले में पूछताछ के लिए ईडी ने मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन को समन कर दिया था। उन्हें तीन नवंबर को दिन के करीब 11.30 बजे ईडी के दफ्तर में उपस्थित होने के लिए कहा गया था।जिसके बाद से झामुमो के आक्रोशित कार्यकर्ताओं ने भारतीय जनता पार्टी के खिलाफ विरोध प्रदर्शन शुरू कर दिया है. झामुमो रांची जिला समिती ने बीते दिन तीन नवंबर को रांची में विरोध प्रदर्शन किया था जिसको देख राजभवन,बीजेपी ऑफिस और रांची में प्रवर्तन निदेशालय (ED) के कार्यालय के बाहर सुरक्षा व्यवस्था बढ़ा दी गई थी। आज भी रांची में राजभवन के सामने झामुमो के कार्यकर्ताओं ने धरना दिया. जिसमें झामुमो के अलावा कांग्रेस और राजद के भी कार्यकर्ता शामिल हुए.


झामुमो का कहना है कि केंद्र की बीजेपी सरकार के इशारे पर प्रवर्तन निदेशालय (ई.डी.) द्वारा जबरन एक झारखण्डी मुख्यमंत्री को बदनाम करने के साजिश कर रहा है.भारतीय जनता पार्टी के नेतृत्व वाली केंद्र सरकार के द्वारा केंद्रीय जांच एजेंसियों ईडी,आईटी का दुरुपयोग कर झारखण्ड के युवा एवं लोकप्रिय मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन और वर्तमान झारखण्ड सरकार को बदनाम एवं अस्थिर करने की साजिश के खिलाफ रैली एवं धरने के माध्यम से विरोध प्रदर्शन किया जा रहा है.इसी उद्देश्य से आज दुमका में झामुमो कार्यकर्ताओं द्वारा जन आक्रोश रैली निकाली गईं है। वहीँ गढ़वा में एक दिवसीय धरना प्रदर्शन कार्यक्रम के दौरान क़रीब 20 हज़ार लोगों की स्वतः स्फूर्त भीड़ जुटी।आज झामुमो के हजारों साथियो ने रैली एव धरने के माध्यम से विरोध दर्ज किया।मौके पर गिरिडीह के मा० विधायक सुदिव्य कुमार एवं गांडेय वी० सरफराज जी उपस्थित रहे।




