झारखण्ड : 17 अप्रैल 2025 को रिम्स के निदेशक डॉ. राजकुमार को उनके पद से हटाये जाने के मामले में राज्य सरकार को झारखंड हाईकोर्ट से झटका लगा है। स्वास्थ्य मंत्रालय के उस आदेश पर रोक लगा दी गई है, जिसमें डॉ. राजकुमार को उन्हें रिम्स के निदेशक पद से हटा दिया गया था। डॉ. राजकुमार ने झारखंड सरकार के इस आदेश को चुनौती देते हुए झारखंड हाईकोर्ट में याचिका दाखिल की थी। सोमवार 28 अप्रैल को हाईकोर्ट में उनकी याचिका पर सुनवाई करते हुए सरकार को नोटिस भी जारी किया है।मामले की अगली तारीख 6 मई को निर्धारित की गई है।
भाजपा नेता प्रतिपक्ष बाबूलाल मरांडी ने एक्स पर प्रतिक्रिया दी ”शासी परिषद की बैठक में स्वास्थ्य मंत्री और विभागीय अधिकारियों के दबाव में करोड़ों रुपये के अवैध भुगतान से इनकार करने पर रिम्स निदेशक डॉ. राजकुमार को हटाने के हेमंत सरकार के फैसले पर माननीय उच्च न्यायालय ने रोक लगाकर हेमंत सरकार के मुँह पर करारा तमाचा मारा है।माननीय उच्च न्यायालय के इस फैसले से हेमंत सरकार द्वारा रिम्स जैसे प्रतिष्ठित स्वास्थ्य संस्था को अपने लूट का चारागाह बनाने की साजिश भी बेनकाब हुई है।राज्य के सभी ईमानदार, कर्तव्यनिष्ठ अधिकारियों से मेरा निवेदन है कि आकंठ भ्रष्टाचार में डूबी सरकार के पापों में सहभागी बनने से बेहतर है डाॅ. राजकुमार की तरह लड़ाई लड़ें और झारखंड को लूटने से बचाएं।मुख्यमंत्री @HemantSorenJMM जी मैं एक बार फिर अनुरोध करता हूँ कि अनुचित भुगतान करने का दबाव नहीं मानने के चलते रिम्स निदेशक को हटाने के इस मामले की जॉंच सीबीआई से कराने का आदेश दें और घोटाले के लिये अधिकारियों पर ग़लत काम कराने का दबाव डालने वाले ऐसे मंत्री को कान पकड़ कर मंत्रिमंडल से बाहर करें अन्यथा ऐसे घोटाले आगे फिर से आपके गले का फॉंस बनेंगे।”




