चड़क मेला बंद कराने पहुंची पुलिस पर पथराव, बीडीओ समेत कई जवान घायल
खरसावां जिला स्थित नीमडीह प्रखंड के बामनी गांव में पुलिस-प्रशासन की टीम पर ग्रामीणों ने हमला किया है। इसमें बीडीओ समेत कई जवान घायल हुए हैं। सभी को इलाज के लिए अस्पताल में भर्ती कराया गया है।
झारखंड के चाईबासा में चड़क मेला बंद कराने पहुंचे पुलिस पर हमला
ग्रामीणों ने बीडीओ की गाड़ी तोड़ी, पुलिस पर किया पथराव
बीडीओ समेत कई जवान घायल, पुलिस ने कुछ लोगों को किया गिरफ्तार
स्वास्थ्य सुरक्षा सप्ताह के बीच मेले का किया गया था आयोजन
झारखंड के कोल्हान प्रमंडल के सरायकेला-खरसावां जिला स्थित नीमडीह प्रखंड के बामनी गांव में चल रहे चड़क मेला को रोकने गए पुलिस बल एवं ग्रामीणों के बीच जमकर संघर्ष हुआ है। जिसमें प्रखंड विकास पदाधिकारी, थाना प्रभारी और एक अन्य जवान घायल हो गए। वहीं, पुलिस लाठीचार्ज में नक्सल विरोधी संगठन के अध्यक्ष असीत सिंह पातर घायल हो गए। इस झड़प में पुलिसकर्मी का रिवॉल्वर भी गिर गया, जिसे प्रखंड प्रमुख ने सुरक्षित प्रशासन को सौंप दिया। बताया जा रहा है कि ग्रामीणों ने मौके पर पहुंचे पदाधिकारियों को पूजा-अर्चना कर अपने-अपने घर जाने की बात कही, लेकिन बीडीओ सहमत नहीं हुए और भीड़ हटाने को कहा। जिससे उग्र ग्रामीणों ने हमला कर दिया।
बताया जाता है कि शाम में काफी संख्या में पुलिस बल बामनी गांव पहुंची और दलमा आंचलिक सुरक्षा समिति (नक्सल विरोधी संगठन) के अध्यक्ष एवं नीमडीह प्रमुख असीत सिंह पातर को पुलिस उठाकर ले गयी। उनके दो रिश्तेदारों को भी पुलिस ने पकड़ा है। उसके बाद ग्रामीण पुनः आक्रोशित हो गए है। अनुमण्डल पुलिस पदाधिकारी संजय कुमार सिंह ने बताया कि मामले की जांच चल रही है। थाना लाये गये लोगों से पूछताछ की जा रही है। उन्होंने कहा कि किसी निर्दोष पर कार्रवाई नहीं करेंगे।



