रांची के होटवार स्थित बिरसा मुंडा केंद्रीय कारा से प्रभात खबर के प्रधान संपादक और स्थानीय संपादक को धमकी दिए जाने के मामले में कारा महानिरीक्षक उमाशंकर सिंह ने सेंट्रल जेल होटवार के जेलर प्रमोद कुमार, चीफ हेड वॉर्डर अवधेश कुमार सिंह और ऑपरेटर पवन कुमार को निलंबित कर दिया है। मामलेमें भाजपा प्रदेश अध्यक्ष बाबूलाल मरांडी ने सीएम हेमंत सोरेन पर निशाना साधा ”होटवार जेल में बंद ईडी के क़ैदियों को जबतक जेल से ही सरकारी शासन-व्यवस्था चलाने की सारी सुख-सुविधा मिल रही थी तबतक सबकुछ ठीक था। दलाल मंडली एक तरफ़ मज़े से शासन कर रही थी तो दूसरी तरफ़ ईडी अफ़सरों को षड्यंत्र कर फ़ंसाने और गवाहों के तोड़ मरोड़ कर केश-मुक़दमे और जाँच की हवा निकालने का धंधा भी मज़े से कर रही थी। लेकिन ईडी द्वारा जेल की खबर लेने एवं जेल से चल रहे गोरखधंधे और लूट की छूट में शामिल अफ़सरों पर नकेल कसने के बाद जेल में थोड़ी सख़्ती एवं इन सरकारी मेहमानों को जेल नियम में रखने के कोशिश ने भूचाल ला दिया। राबर्ट बेसरा को जेल नियम पालन कराने का प्रयास इतना महँगा पड़ा कि उन्हें पच्चीस दिनों में ही भगा दिया गया। ईडी की सख़्ती के भय से जेलर प्रमोद टाईट हुए तो निलंबित करवा दिये गये। अब भला किन जेल अधिकारियों को हिम्मत होगी जो इन ईडी बंदियों ख़ासकर प्रेम की लीला के सामने घुटने न टेक दे? सूत्र तो बताते हैं कि प्रेम के मुँह खोल सब कुछ बक देने के डर के मारे कुछ अफ़सरों से लेकर सत्ताधारियों के सामने उसकी हर नाजायज बात मानना मजबूरी बन गई है।मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन जी, मेरी सलाह मानिये। ये दलाल इतने ताक़तवर एवं बुद्धिमान हैं तो आप बेकार में अपने बाद अपने परिवार के किसी व्यक्ति को मुख्यमंत्री बनाने के लिये परेशान हो रहे हैं। जब जेल से ही सरकार चलवानी है तो प्रेम प्रकाश को ही मुख्यमंत्री बना दीजिये। वो आपसे बेहतर सरकार तो ज़रूर ही चला लेगा। अगर झारखंड को और ज़्यादा लूटने के लिये यह “कल्याणकारी काम” आप करेंगे तो आपको मेरा समर्थन रहेगा। ये वादा रहा।”



