झारखंड सरकार के मंत्री सुदिव्य कुमार सोनू ने पहलगाम में हुए आतंकी हमले के लिए हिमाचल प्रदेश के मुख्यमंत्री सुखविंदर सिंह सुक्खू से इस्तीफे की मांग की है। यह बयान सोशल मीडिया पर वायरल हो रहा है और विवाद का कारण बन गया है, क्योंकि पहलगाम जम्मू-कश्मीर में है, न कि हिमाचल प्रदेश में। वहीं झारखंड प्रदेश BJP अध्यक्ष बाबूलाल मरांडी ने X पर पोस्ट कर उनके टिप्पणी को फूहड़, बेहद शर्मनाक बताया है. जिसके बाद आज प्रेस कांफ्रेंस में मंत्री सुदिव्य सोनू ने हिमाचल के CM से क्यों मांगा इस्तीफा? इसकी सफाई दी है मंत्री सुदिव्य कुमार का कहना है कि पहलगाम की घटना अत्यंत दुखद है, और इससे पूरे देश में आक्रोश व्याप्त है। हमारा मानना है कि देश की सुरक्षा में हुई चूक अत्यंत गंभीर विषय है, और इसके लिए जो भी ज़िम्मेदार हैं, उन्हें नैतिकता के आधार पर स्वयं इस्तीफ़ा दे देना चाहिए। उनका कहना है कि 2008 में मुंबई हमले के बाद गृह मंत्री ने मर्यादा बनाए रखी और इस्तीफ़ा दे दिया।जब पत्रकारों ने नेताओं से सवाल नहीं किया तो एक नेता ने पत्रकार की भूमिका में सवाल किया कि जम्मू कश्मीर की सुरक्षा तो भारत सरकार के अधीन है तो सुखविंदर सिंह, भगवत सिंह मान को जवाबदेह होना चाहिए कि कैसे ये घटना घट गई। 1956 में रेल दुर्घटना के बाद लाल बहादुर शास्त्री ने नैतिकता के आधार पर इस्तीफ़ा दिया था। 1999 में तत्कालीन रेल मंत्री नितीश कुमार जी ने एक रेल दुर्घटना के बाद नैतिकता के आधार पर इस्तीफ़ा दिया था ।2008 में मुंबई आतंकी हमले की जिम्मेदारी लेते हुए तत्कालीन गृह मंत्री शिवराज पाटिल ने तुरंत इस्तीफ़ा दे दिया। मैं तो बस यही कह रहा हूँ हमारे कांग्रेस के जो सीएम सुखविंदर सिंह है अगर कोई जवाबदेही फिक्स नहीं हो रही तो नैतिकता के आधार पर इस्तीफ़ा तो देना चाहिए।



