गुजरात के मोरबी में केबल ब्रिज हादसे में घटना स्थल पर बचाव कार्यों में सेना के लगभग 300 जवान तैनात हैं। सेना की टुकड़ियां बचाव अभियान में NDRF, SDRF, IN, तटरक्षक बल की सहायता कर रही हैं और भीड़ प्रबंधन और सुरक्षा में नागरिक प्रशासन और पुलिस की सहायता कर रही हैं। घटना के संबंध में जिम्मेदार लोगों के ख़िलाफ़ तत्काल प्रभाव से मामला दर्ज किया गया है। 9 लोगों को हिरासत में लिया गया है। राजकोट रेंज आईजी अशोक यादव ने कहा मामले में तुरंत कार्रवाई करते हुए पुलिस ने लगभग चार ज़िलों से 100 एंबुलेंस, 40 मेडिकल टीम, 2-2 NDRF और SDRF की टीम, 6 कॉलम आर्मी, 30 कॉलम गरूड कमांड एयरफोर्स, 50 नेवी के जवान, 18 बोट और करीब 180 दमकल के अधिकारी, कर्मचारी मौजूद हैं। हमने IPC की धारा 114, 304, 308 के तहत 9 लोगों को गिरफ़्तार किया है जिसमें ओरेवा कंपनी के मानेजर, टिकट क्लर्क, पुल के मरम्मत करने वाला ठेकेदार आदि लोग शामिल हैं।बता दें कि मोरबी हादसे को लेकर रखरखाव करने वाली एजेंसी के खिलाफ धारा 304, 308 और 114 के तहत क्रिमिनल केस दर्ज किया गया है। मोरबी हादसे के लिए एसआईटी का गठन किया गया है। एसआईटी ने हादसे की जांच भी शुरू कर दी है। ब्रिज गिरने से अब तक 132 लोगों की मृत्यु हो गई है।



