Ranchi: मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन ने पतरातू में पर्यटन को बढ़ावा देने के लिए पर्यटन विहार का उद्घाटन किया। इस अवसर पर विभाग द्वारा चलायी गयी योजनाओं के विजेताओं को भी पुरस्कृत किया।झारखण्ड में टूरिज्म को बढ़ावा देने के लिए राज्य सरकार द्वारा कई जगहों पर काम किया जा रहा है।विभिन्न योजनाओं का उद्घाटन एवं शिलान्यास हुआ। पर्यटन निदेशालय द्वारा आयोजित वीडियोग्राफी और फोटोग्राफी प्रतियोगिता के विजेता पुरस्कृत हुए।राज्य में पर्यटन की संभावनाओं और सैलानियों को सुविधा देने के लिए कई स्तर पर कार्य किये जा रहे हैं।आज इस अवसर पर पर्यटन निदेशालय द्वारा विभिन्न वर्गों में आयोजित फोटोग्राफी/वीडियोग्राफी कम्पटीशन के विजेताओं को पुरस्कार भी वितरित किया गया।आज पतरातू में नवनिर्मित पर्यटन विहार के उद्घाटन कार्यक्रम में शामिल होकर सीएम ने कहा झारखण्ड को सिर्फ खनिज संपदा के लिए जाना जाता है मगर राज्य में पर्यटन की भी असीम संभावनाएं हैं। प्राकृतिक संसाधनों के साथ-साथ कई स्थलों आदि में भी पर्यटन के क्षेत्र में राज्य आगे बढ़ सकता है।हमारे राज्य से लोग पर्यटन के लिए बाहर जाते हैं जबकि झारखण्ड में भी ऐसे कई स्थल हैं जहां आप पर्यटन हेतु जाकर आंनद ले सकते हैं। राज्य में पर्यटकों के लिए भी सरकार मूलभूत सुविधा उपलब्ध करा रही है।
झारखंड को प्रकृति ने कई खूबसूरत सौगातें दी है। इस राज्य को खनिज -संपदा के लिए तो जाना ही जाता है । इसके अलावा यहां का प्राकृतिक सौंदर्य, मनोरम और मनमोहक वादियां और धार्मिक स्थल भी आकर्षण का केंद्र रहा है। यहां के पर्यटक स्थल और भी खूबसूरत हों। यहां सैलानियों को सभी जरूरी सुविधाएं मिलें । देश- दुनिया के सैलानियों का यह आकर्षण का केंद्र बनें। इसे ध्यान में रखकर सरकार द्वारा सभी पर्यटक स्थलों के विकास के लिए विशेष कार्य योजना बनाई जा रही है और उसे चरणबद्ध तरीके से धरातल पर उतारा जा रहा है । मुख्यमंत्री श्री हेमन्त सोरेन ने आज पतरातू लेक रिसोर्ट परिसर में नवनिर्मित “पर्यटन विहार” (वीआईपी गेस्ट हाउस) राज्यवासियों को समर्पित करते हुए यह कहा। मुख्यमंत्री ने कहा कि इस पहल से पर्यटन के मानचित्र पर झारखंड को एक अलग पहचान मिलेगी।
यहां पिकनिक मनाएं पर डैम को नुकसान ना पहुंचाएं
मुख्यमंत्री ने लोगों से कहा कि यह पर्यटक स्थल आपकी संपत्ति है। आप यहां पिकनिक मनाएं। घूमे- फिरे और मनोरंजन करें। लेकिन, इसे किसी भी सूरत में नुकसान ना पहुंचाएं । इसे प्रदूषित नहीं करें। पूरे परिसर की साफ-सफाई का ध्यान रखें। सरकार किसी भी पर्यटक स्थल के आधारभूत संरचना को मजबूती दे सकती है, लेकिन इसे चलाना और सुरक्षित रखना आपकी जिम्मेदारी है।
आसपास के क्षेत्रों का होगा विकास, रोजगार के बढ़ेंगे अवसर
मुख्यमंत्री ने कहा कि एक पर्यटक स्थल के रूप में पतरातू डैम की एक अलग छवि बन रही है । यहां आने वाले सैलानियों की संख्या लगातार बढ़ रही है । इसका सीधा लाभ यहां के लोगों को मिलेगा। इससे एक तरफ आसपास के क्षेत्रों का विकास होगा, वहीं रोजगार के भी नए अवसर बढ़ेंगे। यह सिर्फ एक डैम नहीं है, बल्कि आपकी आमदनी का एक बड़ा स्रोत भी है। मुख्यमंत्री ने यह भी कहा कि आम जनता की सहभागिता के बिना कोई भी योजना सफल नहीं हो सकती है।
डैम एरिया का नहीं हो अतिक्रमण
मुख्यमंत्री ने कहा कि पतरातू डैम कैचमेंट एरिया का सीमांकन किया जाएगा। ताकि, इसका अतिक्रमण नहीं हो और इसे सुरक्षित रखा जा सके। इसके लिए उन्होंने जिला प्रशासन को सभी जरूरी कदम उठाने का निर्देश दिया । उन्होंने कहा कि डैम परिसर में गंदगी फैलाने वालों के खिलाफ भी कार्रवाई करें ।
जल्द मिलेगी रोपवे की सौगात
राज्य के पर्यटन मंत्री श्री हफीजुल हसन ने पतरातू डैम परिसर को एक पर्यटक स्थल के रूप में विकसित किए जाने को लेकर उठाए जा रहे कदमों की जानकारी दी। उन्होंने कहा कि यहां आने वाले सैलानियों के लिए जल्द ही रोपवे का निर्माण किया जाएगा। इसके अलावा पतरातू और नेतरहाट के लिए भी बस सेवा की शुरुआत की जाएगी । वहीं, पतरातू डैम में वाटर एक्टिविटीज तथा वाटर स्पोर्ट्स भी नियमित रूप से आयोजित किए जाएंगे।
6 योजनाओं का उद्घाटन -शिलान्यास, वीडियोग्राफी और फोटोग्राफी प्रतियोगिता के विजेता हुए पुरस्कृत
मुख्यमंत्री ने इस मौके पर लगभग 12 करोड़ 92 लाख रुपए की लागत से 6 योजनाओं का उद्घाटन- शिलान्यास किया। इसमें 7 करोड़ 10 लाख रुपए की 2 योजनाओं का उद्घाटन और 5 करोड़ 82 लाख रुपए की 4 योजनाओं का शिलान्यास शामिल है। इसके अलावा समारोह में पर्यटन निदेशालय द्वारा आयोजित फोटोग्राफी और वीडियोग्राफी प्रतियोगिता के विजेताओं को पुरस्कृत किया गया।
इस अवसर पर पर्यटन मंत्री श्री हफीजुल हसन, राज्य समन्वय समिति के सदस्य श्री फागु बेसरा, विधायक सुश्री अम्बा प्रसाद, मुख्यमंत्री के सचिव श्री विनय कुमार चौबे ,भवन निर्माण विभाग के सचिव श्री सुनील कुमार, निदेशक पर्यटन श्रीमती अंजलि यादव एवं रामगढ़ के उपायुक्त और पुलिस अधीक्षक समेत जिला प्रशासन के कई पदाधिकारी मौजूद थे।



