झारखण्ड: महिलाओं को उद्यमी बनाया जाएगा, योजना के तहत स्वयं सहायता समूहों (एसएचजी) से जुड़ी मंईयां योजना की करीब 25 से 30 लाख लाभुक महिलाओं को आजीविका के विभिन्न स्रोतों से जोड़ा जाएगा।मंईयां सम्मान योजना की लाभुक महिलाओं को अब आर्थिक रूप से सशक्त बनाने की दिशा में हेमंत सरकार कदम बढाने जा रही है.इसके लिए हेमंत सरकार एक नई योजना ‘मंईयां बलवान’ की शुरुआत करने जा रही है।हर महीने की मदद अब बिज़नेस की शुरुआत बनेगी.30 लाख महिलाओं को रोज़गार, कारोबार और सम्मान मिलेगा.सरकार महिलाओं द्वारा निर्मित उत्पादों को पलाश ब्रांड समेत अन्य बाजार से जोड़ने की रणनीति पर काम कर रही है।पलाश ब्रांड से गांव की बहनें गांव की CEO बनेंगी.कांके की आशा देवी जैसी हजारों महिलाओं ने बीते चार वर्षों में 21 मिलियन डॉलर का कारोबार कर यह साबित किया कि महिलाओं को मौका मिले तो वे बड़ा बदलाव ला सकती हैं।सरकार की मंशा है कि मंईयां सम्मान योजना की मासिक 2500 रुपये की सहायता केवल बैंकों में न पड़ी रहे, बल्कि इसका उपयोग महिलाएं अपने व्यवसाय खड़े करने में करें।




