राजधानी रांची के बुढ़मु थाना क्षेत्र के उमेडण्डा गांव में हिंदू आस्था से जुड़े तीन मंदिरों में जमकर तोड़फोड़ करते हुए भगवान की प्रतिमाओं को खंडित कर दिया गया.बीती रात असामाजिक तत्वों ने शहर के माहौल को खराब करने के उद्देश्य से गांव के प्राचीन शिव मंदिर में स्थापित भगवान भोलेनाथ के शिवलिंग, नंदी के साथ-साथ बजरंग बली की मूर्ति की प्रतिमाओं को खंडित कर दिया.मामले पर नेता प्रतिपक्ष अमर बाउरी ने कहा”बुढ़मू में मंदिर में तोड़फोड़ की सूचना मिली है !मंदिर में तोड़ फोड़ संजोग नहीं प्रयोग है। झारखंड में लगातार मंदिरों में तोड़फोड़ की घटनाएं सामने आ रही है, लेकिन झारखंड की तुष्टिकरण और वोट बैंक की राजनीति में लिप्त सरकार को हिंदुओं की भावना से कोई फर्क नहीं पड़ता है। हिंदुओं के धैर्य की परीक्षा ले रही है सरकार। अपराधियों की जल्द गिरफ्तारी करें। हर बार की तरह अपराधी को मानसिक रोगी बताकर बचाने का प्रयास नहीं किया जाना चाहिए, नहीं तो इस बार हिंदू सड़क पर उतरकर सरकार की ईंट से ईंट बजा देंगे।हाल के समय की प्रमुख घटनाएं :2022 में रांची में रोड में हनुमान मंदिर पर हमला,2022 में मेन रोड के दूसरे हनुमान मंदिर में प्रतिमा के साथ तोड़फोड़,2022 में गिरिडीह में हनुमान मंदिर में तोड़फोड़,2022 में धनबाद में शिवालय में तोड़फोड़,2023 में बोकारो में दो मंदिरों में तोड़फोड़,2023 में साहिबगंज के बजरंगबली मंदिर के प्रतिमा के साथ तोड़फोड़,2024 में रांची के बरियातू रोड में प्रतिमा के साथ तोड़फोड़”
मामले पर प्रतिक्रिया देते हुए भाजपा प्रदेश अध्यक्ष बाबूलाल मरांडी ने कहा “रांची के बुढ़मू में 3 मंदिर की प्रतिमाओं को खंडित कर धार्मिक सद्भाव और सामाजिक सौहार्द को बिगाड़ने का प्रयास किया गया है। राज्य के अलग-अलग हिस्सों में ऐसी कायरतापूर्ण घटनाएं लगातार घटित हो रही हैं लेकिन तुष्टिकरण के फलस्वरूप पुलिस प्रशासन आरोपियों पर कठोर कार्रवाई नहीं कर रही। झारखंड पुलिस के डीजीपी मामले का संज्ञान लेते हुए आरोपियों को गिरफ्तार कर कड़ी करने के लिए निर्देशित करें।”



