रांची: झारखंड की राजधानी में सुप्रीम कोर्ट के पूर्व जज जस्टिस एमवाई इकबाल की जमीन हड़पने का प्रयास करने वाले लोगों के आवास पर पुलिस ने आज उद्घोषणा नोटिस चिपका दिया.मामले में उपस्थिति के लिए समन और वारंट जारी होने के बावजूद आरोपी अदालत में उपस्थित नहीं हुए, जिसके बाद यह कार्रवाई की गई।आरोपियों में पप्पू गद्दी और कंजा गद्दी शामिल हैं. वे हिंदपीढ़ी के रहनेवाले हैं.लोअर बाजार पुलिस स्टेशन के प्रभारी अधिकारी दयानंद कुमार ने इसकी पुष्टि करते हुए कहा कि नोटिस के जरिए आरोपियों को सूचित किया गया है कि अगर वे अदालत में उपस्थित नहीं होते हैं तो उनकी संपत्ति कुर्क कर ली जाएगी।यह घटनाक्रम तब हुआ जब झारखंड उच्च न्यायालय ने 26 जून को मीडिया रिपोर्टों के माध्यम से इस मामले में स्वत: संज्ञान लिया, जिसमें बताया गया कि कैसे पुलिस अधिकारियों की मौजूदगी में गुंडों ने दिनदहाड़े हत्या का प्रयास किया।न्यायमूर्ति एस चन्द्रशेखर और न्यायमूर्ति रत्नाकर भेंगरा की खंडपीठ ने रांची एसएसपी और गृह विभाग से जवाब मांगा है.कोर्ट ने मामले में सुनवाई के लिए 18 जुलाई की तारीख तय की है.इस मामले में लोअर बाजार थाने में जमीन की देखरेख के लिए तैनात हवलदार जैनुल अंसारी ने प्राथमिकी दर्ज करायी थी.प्राथमिकी में कहा गया है कि रविवार की सुबह अचानक जुनैद राज पप्पू अपने साथ 20-25 अज्ञात लोगों व मजदूरों को लेकर आया और दिवंगत जज की जमीन पर बनी दीवार को तोड़ने लगा.इन लोगों ने सामने से दीवार तोड़ दी.इसी बीच लोअर बाजार थाने के अधिकारी मौके पर पहुंचे तो सभी लोग मौके से भाग गये. मौके पर सिर्फ मजदूर मौजूद थे।



