उत्तर प्रदेश में बीएलओ को लेकर लगातार खबरें आ रही हैं। हाथरस में एक टीचर बीएलओ घर पर चक्कर आने के बाद गिर पड़े और रास्ते में अलीगढ़ जाते हुए हार्ट अटैक से मौ*त हो गई। उनकी पत्नी ने कहा कि लगातार काम का दबाव और फोन कॉल्स के कारण वे तनाव में थे।यूपी में अबतक 9 बूथ लेवल ऑफिसर की मौत हो चुकी है. इनमें 3 ने सुसाइड किया, 4 की हार्टअटैक से मौत हुई और 1 की ब्रेन हेमरेज से. इसी तरह, संभल में SIR ड्यूटी में लगे सहायक BLO अरविंद कुमार (40) की सोते-सोते मौत हो गई थी. डीएम अतुल वत्स खुद अरविंद के घर पहुंचे और परिवार को सांत्वना दी। उनकी पत्नी ने बताया कि उन पर काम का काफी तनाव था, वे समझाते थे कि इतना परेशान न हों, जरूरत पड़े तो नौकरी छोड़ दें—लेकिन वे खुद ही उन्हें छोड़कर चले गए।
कांग्रेस ने साधा निशाना ”यूपी के संभल में सहायक BLO अरविंद कुमार की मौत हो गई।अरविंद के परिजनों ने बताया कि उन पर SIR का काम पूरा करने का भारी दबाव था।देशभर में SIR के दबाव के चलते अबतक 35 लोगों की जान जा चुकी हैं। SIR जानलेवा होता जा रहा है, मगर नरेंद्र मोदी-ज्ञानेश कुमार को कोई परवाह नहीं है।BJP को सिर्फ ‘वोट चोरी’ से मतलब है, कोई मरे या जिए!”




