झारखण्ड : आज प्रदेश अध्यक्ष आदित्य साहू ने रांची जिला के ओरमांझी प्रखंड अंतर्गत सीलदिरी ग्राम के शंकरघाट रोड में विगत दो महीनों से लापता कन्हैया कुमार के परिजनों से मुलाक़ात कर उनकी पीड़ा सुनी और उन्हें ढांढस बंधाते हुए हरसंभव सहयोग का भरोसा दिलाया।पति अर्जुन साव हैं, लेकिन शारीरिक तौर पर सक्षम नहीं हैं. कन्हैया ही था, जो कक्षा तीन में पढ़ाई करता था और शाम में वह फुचका दुकान में हाथ भी बंटाता था. परिवार में एक बेटी शिवानी कुमारी भी है.
कन्हैया कुमार ओरमांझी प्रखंड अंतर्गत ग्राम सिलदीरी, शंकर घाट रोड से 22 नवंबर 2025 से लापता है. भाजपा प्रदेश अध्यक्ष आदित्य साहू ने रांची पुलिस और जिला प्रशासन पर सवाल उठाते हुए कहा है कि, ”55 दिन से अधिक बीत जाने के बावजूद रांची पुलिस और जिला प्रशासन के हाथ अब तक खाली हैं।यह केवल प्रशासनिक लापरवाही नहीं, बल्कि संवेदनहीन सरकार और नाकाम पुलिस तंत्र का जीता-जागता प्रमाण है।एक मासूम बच्चा लापता है, माता-पिता हर दिन टूट रहे हैं, लेकिन सरकार और पुलिस कुंभकर्णी नींद में सोई हुई है।क्या झारखंड में अब मासूम बच्चों की सुरक्षा की कोई गारंटी नहीं रह गई है?”
बड़ा बेटा कृष्णा कुमार 19 साल का है. उसकी एक किडनी खराब है.आदित्य साहू ने कहा, ”मानवता के नाते भाजपा कार्यकर्ताओं द्वारा कन्हैया के बड़े भाई के किडनी उपचार हेतु ₹1,00,000 (एक लाख रुपये) की सहायता देने का निर्णय लिया गया, ताकि इस कठिन समय में परिवार को कुछ संबल मिल सके।जब सरकार असफल हो जाती है, तब समाज और संगठन आगे आते हैं।प्रशासन को स्पष्ट चेतावनी देता हूँ यदि एक सप्ताह के भीतर मासूम कन्हैया कुमार को ढूंढने के लिए ठोस और निर्णायक कार्रवाई नहीं की गई, तो रांची बंद किया जाएगा।अब यह लड़ाई सिर्फ एक परिवार की नहीं, बल्कि हर उस माता-पिता की है जो अपने बच्चों की सुरक्षा को लेकर चिंतित है।मासूम कन्हैया को ढूंढो, वरना जनआक्रोश का सामना करो.”




