रांची: मिडिया से बात करते हुए भाजपा प्रदेश अध्यक्ष बाबूलाल मरांडी ने कहा ”आजादी के बाद से ही अलग झारखंड राज्य की मांग हो रही थी लेकिन कांग्रेस ने जयपाल सिंह मुंडा और शिबू सोरेन को प्रलोभन देकर खरीद लिया।भारतीय जनता पार्टी ने आदिवासी समाज की भावनाओं का सम्मान करते हुए अटल बिहारी वाजपेयी जी के नेतृत्व में झारखंड राज्य का गठन किया। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी जी ने अपने मंत्रिमंडल में 8 आदिवासी मंत्रियों को जगह देकर समाज का मान बढ़ाया है।मुख्यमंत्री चम्पई सोरेन जी को सलाह है, वो झारखंड को भ्रष्ट सरकारी तंत्र और दलाल-बिचैलियों के चंगुल से मुक्ति दिलाएं।यदि चंपई सोरेन जी हेमंत सरकार की Xerox copy बन कर हेमंत के अधूरे कार्यों को पूरा करने का प्रयास करेंगे तो परेशानी में पड़ सकते हैं।हेमंत सोरेन गंभीर आर्थिक अपराध और भ्रष्टाचार के आरोप में जेल गए हैं। केंद्रीय जांच एजेंसियां स्वतंत्र रूप से कार्य कर रही हैं, विपक्ष द्वारा उनके उपर लगाए जा रहे पक्षपात करने का आरोप निराधार है।
झारखंड में सत्तारूढ़ दल के विधायकों को हैदराबाद स्थानांरित किए जाने पर झारखंड भाजपा अध्यक्ष बाबूलाल मरांडी ने कहा, “उन्हें अपने विधायकों पर विश्वास नहीं था। चूंकि उनके विधायक हैं तो स्वाभाविक है कि उन्हें लग रहा था कि उनके विधायक उनसे नाराज़ हैं और कब कौन कहां भाग जाए, वे डरे हुए थे… इससे यह स्पष्ट है कि उन्हें अपने विधायकों पर भरोसा नहीं है और जब भरोसा नहीं है तब आगे सरकार कैसे काम करेगी यह तो आने वाला वक्त बताएगा।”



