दुमका: जरमुंडी तीन आदिवासी नाबालिक अनाथ बच्चे दर-दर की ठोकरे खाने को मजबूर.दुमका जिला के जरमुंडी थाना क्षेत्र अंतर्गत आदिवासी बहुल गांव बेदिया में 12 वर्षीय सोनामुनि मरांडी, आठ वर्षीय राकेश मरांडी एवं सात वर्षीय साइमन मरांडी रहते है जिनके माता-पिता की दो वर्ष पूर्व मौत हो चुकी है.तीनों बच्चे प्रशासन से शिक्षा एवं आवासन को लेकर मांग कर रहे हैं।आलम यह है कि बच्चों को दो वक्त की रोटी भी नसीब नहीं हो रही इनके भरण पोषण का कोई जिम्मेदारी नहीं ले रहा माता-पिता के देहांत के बाद चाचा चाची ने भी इन्हें अपने साथ रखने से इनकार कर दिया और घर से निकाल दिया. सीएम सोरेन को जैसे ही इसी सूचना मिली उन्होंने बिना कोई देरी किए Dumka Dc तत्काल संज्ञान लेने को कहा है एवं बच्चों के उचित देखभाल एवं उज्जवल भविष्य हेतु हर जरूरी कदम उठाते हुए सूचित करने के आदेश दिए हैं।




