झारखंड: पलामू जिला के छतरपुर में केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने कहा,”हमारे संविधान में कहीं भी धर्म के नाम पर आरक्षण का स्थान नहीं है। कोई भी धर्म विशेष को कभी आरक्षण नहीं दे सकते। कांग्रेस पार्टी को अभी महाराष्ट्र में कोई उलेमाहों के समूह द्वारा 10 प्रतिशत आरक्षण मुस्लमानों को देने को लेकर एक ज्ञापन दिया जाता है। कांग्रेस पार्टी के प्रदेश अध्यक्ष ने कहा है कि हम इसमें आपकी मदद करेंगे। मैं पूछने आया हूं कि मुस्लमानों को 10 प्रतिशत आरक्षण मिलता है तो कम किसका होगा। ये कांग्रेस पार्टी पिछड़ा वर्ग, दलित, आदिवासी का आरक्षण काटकर मुस्लमानों को देना चाहती है।मैं राहुल गांधी को चेताना चाहता हूं आपके मन में जो भी षड्यंत्र हो, राहुल बाबा जब तक भाजपा है इस देश में माइनॉरिटी को आरक्षण नहीं मिलेगा…।कांग्रेस पार्टी ओबीसी विरोधी पार्टी है। जब-जब कांग्रेस शासन में आई पिछड़ों के साथ अन्याय किया।1950 में काका कालेलकर कमीशन बना, जिसकी रिपोर्ट कांग्रेस सरकारों द्वारा रद्द कर दी गई।पिछड़ों को आरक्षण देने के लिए मंडल कमीशन बना। इंदिरा जी ने राजीव गांधी जी ने मंडल कमीशन का विरोध किया और केंद्रीय संस्थानों में पिछड़ों को आरक्षण देने में कांग्रेस ने वर्षों लगा दिए।2014 में आपने नरेन्द्र मोदी सरकार बनाई, मोदी जी ने केंद्र की सभी नौकरियों व परीक्षाओं में पिछड़ों को 27 प्रतिशत आरक्षण दिया। पिछड़ा वर्ग कमीशन को संवैधानिक दर्जा देने का काम किया।”
अमित शाह ने गृह मंत्री ने छतरपुर सीट पर भाजपा प्रत्याशी पुष्पा देवी के लिए वोट मांगे और चुनावी सभा को संबोधित करते हुए कांग्रेस नेता राहुल गांधी पर संविधान का अपमान करने का आरोप लगाया। उन्होंने कहा कि राहुल गांधी जनसभाओं में संविधान के नाम पर लाल कवर वाली जो किताब लहराते हैं, उसमें ऊपर भले भारत का संविधान लिखा है, लेकिन उसके पन्ने कोरे हैं। वह नकली किताब दिखाते हैं। यह भारत के संविधान और बाबासाहेब अंबेडकर का अपमान है।




